दो दिवसीय शारीरिक शिक्षक संगोष्ठी सम्पन्न, खेलों के विकास पर हुआ मंथन

दो दिवसीय शारीरिक शिक्षक संगोष्ठी सम्पन्न, खेलों के विकास पर हुआ मंथन

जालोर. जिला स्तरीय दो दिवसीय शारीरिक शिक्षको की संगोष्ठी का समापन शुक्रवार को केरियर एकेडमी स्कूल, भीनमाल में हुआ। संगोष्ठी में खेलों के विकास और स्कूल स्तर पर खिलाड़ी तैयार करने पर विस्तृत मंथन हुआ। उद्घाटन समारोह में शारीरिक शिक्षा उप जिला शिक्षा अधिकारी सुमित्रा पंवार, एकेडमी स्कूल के निदेशक बलवंत सारण, प्रधानाचार्य जैसा राम जांगू, संगोष्ठी अध्यक्ष मंगल सिंह एवं सचिव अशोक दीवाकर उपस्थित रहे।  

समापन समारोह में मुख्य अतिथि 

जिला शिक्षा अधिकारी माध्यमिक भंवर लाल ने कहा कि शारीरिक शिक्षकों की जिम्मेदारी है कि वे विद्यालय स्तर पर प्रतिभाओं को निखारें और नियमित खेलों के माध्यम से छात्रों को राज्य स्तरीय प्रतियोगिता के लिए तैयार करें, ताकि जालोर का नाम गौरव के साथ रोशन हो। सीबीईओ चंदन सिंह चौहान ने शारीरिक शिक्षकों को संबोधित करते हुए कहा कि विद्यालयों में प्रतिभावान खिलाड़ियों को चिन्हित कर उन्हें राज्य और राष्ट्रीय स्तर तक पहुंचाने का प्रयास किया जाए।

संगोष्ठी में जिले भर से बड़ी संख्या में शारीरिक शिक्षकों ने भाग लिया

पहले दिन विभिन्न खेलों के नियम, आधुनिक तकनीक और प्रशिक्षण विधियों पर गहन चर्चा हुई। शिक्षकों ने अपने अनुभव साझा कर खेलों को स्कूल स्तर पर बेहतर बनाने के सुझाव दिए। विशेष सत्र_ में विभिन्न खेल विशेषज्ञों ने खेलों की जानकारी दी। जिसमें रूप सिंह राठौड़ ने हैंडबॉल, मंगल सिंह ने फुटबॉल, सुनील सैनी ने हॉकी, पुष्पेंद्र परमार ने जुडो, ओमप्रकाश ने कबड्डी, लित ने वूशु, मंगला राम ने खो-खो, नरेश कुमार लोहार ने बास्केटबॉल, उदय सिंह चौहान ने जिम्नास्टिक, रोशन लाल ने क्रिकेट, दिनेश कुमार ने एथलेटिक्स, अजय तिवारी ने शतरंज, सत्यनारायण ने सॉफ्टबॉल के बारे में जानकारी दी। सभी वक्ताओं ने बोर्ड पर खेल मैदानों के रेखाचित्र बनाकर मैदान का माप, गोल एरिया, मूल नियम एवं रेफरी के संकेतों की व्यावहारिक जानकारी दी। शिक्षकों ने सत्र में विशेष रुचि दिखाई और कई प्रश्न भी पूछे।

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इस अवसर पर रुकमण सिंह चम्पावत, पीर सिंह, गजे सिंह चौहान, जगदीश विश्नोई, जगदीश साहू, फूल चंद,शिवदयाल मीणा, मून सिंह, सत्यपाल सिंह मनोहर सिंह झाब, अर्जुन सिंह, उदय सिंह, गणपत सिंह मंडलावत, नरेंद्र सिंह, जबर खान, लादू राम, खंगार सिंह, पूरण सिंह खींची, वीणा भाटी, अंगूरी धांधल, मुला राम, प्रेमलता, भंवर लाल सुथार, जगदीश कुमार लोल, मदन जोगशन, जेता राम, मुकन सिंह, प्रकाश सियाग,गोविन्द सिंह, महिपाल सिंह, नरेंद्र सोनी, श्रवण सिंह, प्रदीप सिंह,हीरा राम सोलंकी, हरी राम, ओब सिंह आकोली, कालू राम सहित अनेक शिक्षक उपस्थित थे। संगोष्ठी का मुख्य उद्देश्य खेलों के प्रति जागरूकता बढ़ाना और शारीरिक शिक्षकों की क्षमता का विकास करना था।