भुआ की प्रेरणा से प्रभावित भतीजी प्रियंका शर्मा ने व्याख्याता बनने के बाद उसी स्कूल के विकास के लिए 3.70 लाख का किया आर्थिक सहयोग
- सरकारी सेवा में लगने के बाद से ही कुछ राशि विद्यालय विकास के लिए की एकत्रित
- जिस विद्यालय में पढ़ाई की उसी में व्याख्याता लगने के कारण विकास में बढ़ाई भागीदारी
जालोर. शिक्षा, शिक्षार्थियों एवं विद्यालय के सर्वांगीण विकास के प्रति समर्पित पीएम श्री राजकीय उच्च माध्यमिक विद्यालय, जालोर की व्याख्याता सुश्री प्रियंका शर्मा पुत्री स्व. कुलदीप शर्मा ने विद्यालय के विकास कार्यों हेतु 3,70,000 रूपये (तीन लाख सत्तर हजार रुपये) की सहयोग राशि का चेक भेंट कर अनुकरणीय उदाहरण प्रस्तुत किया।

प्रधानाचार्य भंवर मकवाना ने बताया कि यह चैक राजस्थान सरकार के मुख्य सचेतक जोगेश्वर गर्ग एवं अतिरिक्त जिला शिक्षा अधिकारी लहरीराम माली, ब्लॉक शिक्षा अधिकारी ममता अग्रवाल की गरिमामयी उपस्थिति में विद्यालय विकास के लिए समर्पित किया गया। इस अवसर पर विद्यालय परिवार, जनप्रतिनिधियों एवं गणमान्य नागरिकों ने सुश्री प्रियंका शर्मा के इस प्रेरणादायी एवं समाजहितैषी कार्य की भूरि-भूरि प्रशंसा की।
इस अवसर पर मुख्य सचेतक राजस्थान विधानसभा जोगेश्वर गर्ग ने ने कहा कि सुश्री प्रियंका शर्मा का यह योगदान शिक्षा के क्षेत्र में सामाजिक सहभागिता और सेवा-भाव का उत्कृष्ट उदाहरण है। उनके सहयोग से विद्यालय में विद्यार्थियों के लिए आवश्यक सुविधाओं के विकास एवं शैक्षणिक वातावरण को और सुदृढ़ बनाने में सहायता मिलेगी।

इस अवसर पर उपस्थित सभी लोगों ने सुश्री प्रियंका शर्मा एवं उनके परिवार के प्रति आभार व्यक्त करते हुए उनके उज्ज्वल भविष्य एवं निरंतर समाजसेवा की कामना की। विद्यालय परिवार ने इस प्रेरणादायी योगदान के लिए उनका हार्दिक अभिनंदन एवं धन्यवाद ज्ञापित किया। कार्यक्रम में एसीबीईओ जबर सिंह देवड़ा, बसंत ओझा, डाँ रमेश खोरवाल, भू निरीक्षक वरुण शर्मा, जयप्रकाश पणिया, दिनेश भट्ट, नाथू सोलंकी रामदान चारण सहित शिक्षाविद् उपस्थित थे l
भुआ की प्रेरणा बनी भामाशाह

व्याख्याता प्रियंका शर्मा की सीनियर तक की शिक्षा भी इसी स्कूल में हुई है, जिस स्कूल में वर्तमान में प्रियंका संस्कृत विषय की व्याख्याता है। प्रियंका के भाई वरुण शर्मा ने बताया कि प्रियंका का जन हितेषी कार्यो में शुरू से ही मन रहा है। उनकी भुआ नूतन बाला कपिला शिक्षा विभाग पाली से उप निदेशक पद से सेवानिवृत्त हुई है, भुआ ने भी जनहित के कार्यों के लिए आर्थिक मदद की है। उन्हीं से प्रेरित होकर प्रियंका ने भी सरकारी सेवा में लगने के बाद कुछ राशि बचत शुरू की और फिर करीब 3 लाख 70 हजार रुपए का चेक पूर्व छात्रा के नाते उसी स्कूल विकास के लिए सौंपकर अनुकरणीय उदाहरण पेश किया है।