एलाना में दो मौत प्रकरणों का पर्दाफाश, भाई की हत्या के आरोप में भाई गिरफ्तार

एलाना में दो मौत प्रकरणों का पर्दाफाश, भाई की हत्या के आरोप में भाई गिरफ्तार

जालोर. जालोर जिले के बिशनगढ़ थाना क्षेत्र के एलाना में कुछ दिनों अलग अलग दो मौत प्रकरणों का पुलिस ने पर्दाफाश कर लिया है। इसमें एक भाई की हत्या के आरोप में भाई को ही गिरफ्तार किया है। पुलिस अधीक्षक शैलेंद्रसिंह इंदौलिया ने बताया कि पहले प्रकरण में 01 जनवरी 2026 को खेकाराम भील ने बिशनगढ़ थाने में रिपोर्ट पेश की कि उसने एलाना निवासी मांगीलाल एंव तेजाराम चौधरी के ऐलाना गांव मे खेत को भावली (काश्तकारी) पर लिया हुआ था, जहां से उसका पुत्र बुटाराम 21 दिसम्बर 2025 गायब हो गया था, बाद में बुटाराम का शव 28 दिसम्बर 2025 को तेलवाडा सरहद में मिला था। खेकाराम भील ने मांगीलाल चौधरी एंव उसके भाई तेजाराम चौधरी के पर बुटाराम की हत्या का शक जाहिर किया। समाजबंधुओं ने कलेक्ट्रेट पर प्रदर्शन भी किया।

विज्ञापन 

इसी प्रकार दूसरे प्रकरण में 27 जनवरी 2026 मांगीलाल चौधरी एंव तेजाराम चौधरी के ठेके पर लिये हुए जुगराज जैन के बेरे पर तेजाराम चौधरी का शव मिला एवं जिसके सिर, हाथ एंव पाँव पर गंभीर चोट के निशान थे, घटनाक्रम के सम्बंध में मृतक तेजाराम के पुत्र जेताराम द्वारा बुटाराम के पिता खेकाराम एंव अन्य परिजनों पर शक जाहिर करते हुए प्रकरण दर्ज करवाया था। इन दोनों प्रकरणों में पुलिस ने गम्भीर तकनीकी रूप से तथ्य जुटाकर मृतक बुटाराम एंव तेजाराम के परिजनो से घटना के रोज की गतिविधियों के सम्बंध में जानकारी प्राप्त की तो मांगीलाल चौधरी के संदिग्ध होने पर उसको दस्तयाब कर गहन पूछताछ की गई। इस पर मांगीलाल ने अपने भाई तेजाराम चौधरी की उलटी कुल्हाड़ी से चोट मार हत्या करना स्वीकार किया।

साक्ष्य मिटाने के किये प्रयास

पुलिस ने बताया कि आरोपी मांगीलाल व उसके भाई तेजाराम चौधरी ने गांव ऐलाना में गणपतसिंह राजपूत एवं जुगराज जैन के बेरे ठेके पर लिए हुए थे तथा चोथी पांती में मृतक बुटाराम भील को खेत काश्त पर दिये हुए थे, मांगीलाल एंव तेजाराम ने खेत मे पशुओं से फसल की सुरक्षा हेतु हेवी करंट वाले तार लगाये हुए थे, 21 दिसम्बर 2025 को बुटाराम इन्ही तारों के टच होने से उसकी मृत्यु हो गई। तब इस बात को छुपाने के एंव सबुत नष्ट करने के उद्देश्य से मृतक बुटाराम की लाश को तेजाराम एंव मांगीलाल दोनों ने उसी रात्री को अपनी गाडी में डालकर तेलवाडा के जंगल में फेंककर आ गये। कुछ दिन बाद बुटाराम के परिजनो द्वारा मांगीलाल एंव तेजाराम के विरूद्व बुटाराम हत्या का मुकदमा दर्ज करवा दिया।

विज्ञापन 

इस प्रकरण में पुलिस द्वारा मांगीलाल एंव तेजाराम दोनों का नार्को टेस्ट करवाने हेतु न्यायालय में प्रार्थना पत्र दिया था बुटाराम के परिवार एंव मांगीलाल वगैरा के आपस में विवाद भी हो गया था, मांगीलाल को यह शक था कि नार्को टेस्ट में तेजाराम बुटाराम वाली पुरी बात बता देगा, इस कारण मांगीलाल ने तेजाराम की हत्या करने का मन बनाया एंव मौका पाकर 26 जनवरी 2026 को शाम को उल्टी कुल्हाडी से तेजाराम के सिर, हाथ एंव पांव पर गंभीर चोटे मारकर उसकी हत्या कर दी, तथा इस घटना का आरोप बुटाराम के पिता एंव भाइयों पर लगा दिया। आरोपी मांगीलाल ने पहले भी अपने सगे साले की हत्या की हुई है, जिसमें आरोपी 05 साल जेल में रह चुका है।