जालोर में सरगरा समाज ने रैली निकाल सौंपा ज्ञापन, बोले - दस्तावेजों में सरगड़ा हटाओ, सरगरा से पहचान बनाओ

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DDT Team Verified Media or Organization • 01 Aug, 2026 Chief Editor
Jul 15, 2026 • 5:37 PM  0
जालोर
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जालोर में सरगरा समाज ने रैली निकाल सौंपा ज्ञापन, बोले - दस्तावेजों में सरगड़ा हटाओ, सरगरा से पहचान बनाओ
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15 Jul 2026
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जालोर में सरगरा समाज ने रैली निकाल सौंपा ज्ञापन, बोले - दस्तावेजों में सरगड़ा हटाओ, सरगरा से पहचान बनाओ

जालोर. जिले के सरगरा समाज के लोगों ने बुधवार को बड़ी संख्या में एकत्रित होकर राज्यपाल, मुख्यमंत्री व सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता मंत्री के नाम जिला कलेक्टर को ज्ञापन सौंपकर बताया कि लिपिकीय त्रुटि से समाज के नाम को असुविधाओं का सामना करना पड़ रहा है, जिसे सुधार कर सरगरा करने की मांग की। पूर्व सरपंच जितेंद कुमार सरगरा के नेतृत्व में सरगरा समाज के लोग सुबह कलेक्ट्रेट परिसर के बाहर एकत्रित हुए और वक्ताओं ने संबोधित किया। इसके बाद शहर में रैली निकाली जो कलेक्ट्रेट तक पहुँच ज्ञापन दिया। ज्ञापन में बताया कि सरगरा जाति का नाम ही पहचान है और वही सरकारी कागज में बदल जाए तो लगता है जैसे पहचान से ही खिलवाड़ हो रहा है।

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केंद्र सरकार का 1950 जो मूल आदेश है और राजस्थान अनुसूचित जाति सूची में आजतक सरगडा नहीं अपितु सरगरा ही है फिर सरगडा कहाँ से लिखा जा रहा है। ज्ञापन में बताया कि उपरोक्त लिपिकीय बदलाव राज्य सरकार ने कानून बदलकर नहीं किया बल्कि हिंदी अनुवाद और ऑनलाइन पोर्टल पर टाइपिंग में हुआ है कई जिलों से जानकारी आई कि सूचना और प्रोधोगिकी विभाग जयपुर द्वारा अनुसूचित जाति की सूची में क्रम 55 पर दर्ज सरगरा जाति को हिंदी में सरगडा लिख दिया गया।ऐसे में ई-मित्र पर बनने वाले जाति प्रमाण पत्र में वही गलत नाम आ रहा है। इसी वजह से प्रदेश में सरगरा समाज मुख्यमंत्री के नाम ज्ञापन दे रहा है। हमारी मांग है कि इसे सरगरा किया जाए। इस संबंध में हमारे द्वारा वर्ष 2023 से आवाज उठाई जा रही है कि इसका शुद्धिकरण किया जाए, जनप्रतिनिधियों ने विधानसभा तक मे इस मुद्दे को उठाया, लेकिन आज दिन तक कोई सफलता नहीं मिली। जिससे समाज में काफी रोष है। ज्ञापन में सरगरा समाज ने आरोप लगाया कि जब किसी गांव या जिले का नाम राज्य सरकार बदल सकती है तो अनुसूचित जाति की सूची में कोई नाम जोड़ना, हटाना या बदलना सिर्फ संसद के कानून से होता है राज्य केवल उसका हिंदी अनुवाद पोर्टल पर दिखाता है इसलिए वह अनुवाद गलत हो गया तो प्रमाण पत्र भी गलत प्रिंट होने लगता है। ज्ञापन में चेतावनी दी की 17 अगस्त 2026 तक संशोधन नहीं होता है तो पूरे प्रदेश में उग्र आंदोलन और विधानसभा का घेराव किया जाएगा।

DDT Team Verified Media or Organization • 01 Aug, 2026 Chief Editor

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