टोल रोड, जीएसटी, डीएलसी समेत कई मांगों को लेकर जालोर उद्योग विकास समिति ने कलक्टर को सौंपा ज्ञापन
जालोर. जालोर उद्योग विकास समिति के बैनर तले अध्यक्ष लालसिंह राठौड़ के नेतृत्व में सोमवार को विभिन्न समस्याओं को लेकर जिला कलेक्टर डॉ प्रदीप केशवराव गावंडे को ज्ञापन सौंपा गया। ज्ञापन में बताया कि जालोर जिले में उद्योग के नाम पर मुख्यतः ग्रेनाइट इंडस्ट्री लगी हुई है। पिछले कुछ वर्षों से ग्रेनाइट उद्योग मंदी के दौर से गुजर रहा है। इस मंदी के दौर में कमेटी द्वारा भागली में डीएलसी रेट एक हजार से बढ़ाकर 1800 रूपए कर दी गई है। जो बहुत ही अधिक है। इससे ग्रेनाइट उद्योग पर बहुत ही प्रतिकूल प्रभाव पड़ेगा। जबकि वास्तविकता में डीएलसी रेट से कम रेट 500 रूपए पर जमीन बिक रही है। नए उद्योग लगाने में भी समस्या आएगी।

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इससे काले धन का प्रवाह बढ़ेगा, आम जनता पर बोझ बढ़ेगा, अचल संपत्ति बाजार भी प्रभावित होंगा, जमीन की कीमतें बढ़ेगी तो उद्योग की लागत भी प्रभावित होगी और नए उद्योग कम लगेंगे। कमेटी की पुनः मीटिंग बुलाकर डीएलसी रेट कम करने की मांग की। वहीं ग्रेनाइट उद्योग वर्तमान में जीएसटी की उच्च दरों के कारण कई चुनौतियों का सामना कर रहा है। एवं पिछले कुछ वर्षों से वैसे ही यह उद्योग मंदी के दौर से गुजर रहा है। ग्रेनाइट उद्योग में जीएसटी की दर 18% है, जो कि बहुत अधिक है और उद्योग को प्रभावित कर रही है।

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ग्रेनाइट उद्योग एक लाइवलीहुड उद्योग है, जिसमें लाखों लोगों को रोजगार मिलता है। इस उद्योग में जीएसटी की दर कम करने से उद्योग को बढ़ावा मिलेगा और रोजगार के अवसर बढ़ेंगे,और सरकारी राजस्व भी बढ़ेगा।

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वही जिला मुख्यालय के औद्योगिक क्षेत्र जालौर ग्रामीण, भागली, मादलपुरा, धानपुर आदि क्षेत्र में ग्रेनाइट की करीब एक हजार फैक्ट्रियां लगी हुई है। इन औद्योगिक इकाइयों में करीब 20 हजार मजदूर कार्यरत है। औद्योगिक क्षेत्र में स्वच्छ पेयजल उपलब्ध करवाने के लिए जल जीवन मिशन के तहत कनेक्शन करवाने हेतु संबंधित विभाग को निर्देश प्रदान करने की मांग है।
टोल रोड में सुधार के लिए सौंपा ज्ञापन
जालोर उद्योग विकास समिति की ओर से टोल रोड ठीक करने की मांग की गई है। कलेक्टर को सौंपे ज्ञापन में बताया कि जालौर से जसवन्तपुरा टोल रोड बना हुआ है। भागली सिन्धलान के पास टोल नाका लगा है। इस टोल नाका के कर्मचारियों द्वारा भागली औद्योगिक क्षेत्र की रोड पर अवैध बेरीयर लगा कर अवैध वसूली कर रहे हैं। जिसे तुरंत बंद करावे। उक्त टोल रोड भी काफी जगह पर क्षतिग्रस्त है।

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रोड पर खड्डे पड़े हुए हैं। जिससे वाहन भी क्षतिग्रस्त होते हैं साथ में दुर्घटनाएं भी होती है। जालोर से जसवन्तपुरा तक रोड रिपेयर नहीं किया जाता है तब तक टोल वसूली पर पाबंदी लगाई जाएं। इस दौरान अध्यक्ष लालसिंह धानपुर, सुमेरसिंह राजपुरोहित, ओबाराम देवासी,राजवीर सिंह नोसरा, महेंद्र सिंह राठौड़, सोहन अग्रवाल समेत कई मौजूद रहे।