मूल स्वरूप को बिगाड़ कर मनरेगा को खत्म करने का प्रयास कर रही है भाजपा - सुमन यादव
- मनरेगा के स्वरूप में बदलाव पर कांग्रेस की प्रेस वार्ता आयोजित
जालोर. केंद्र सरकार की ओर मनरेगा का नाम बदलकर वीबी जी राम जी करने एवं अन्य कई बदलाव के विरोध में कांग्रेस अब 45 दिन तक प्रदेश भर में विरोध प्रदर्शन करेगी। इसी के तहत शनिवार 10 जनवरी से जिले में प्रेस वार्ता आयोजित कर आगाज किया गया। शनिवार को शहर के राजीव गांधी भवन में कांग्रेस ने इस मुद्दे को लेकर प्रेस वार्ता आयोजित की। जिसे जिला प्रभारी सुमन यादव व जिलाध्यक्ष रमिला मेघवाल ने संबोधित किया। जिला प्रभारी सुमन यादव ने कहा कि मनरेगा के नाम व अन्य मूल स्वरूप को बदलकर भाजपा पार्टी मनरेगा को खत्म करने का प्रयास कर रही है। गरीब कैसे खत्म हो और अमीर कैसे और अमीर हो इस पर काम कर रही है। भाजपा ने देश कैसे पीछे धकेलना है, उसी कड़ी में नया काम किया है।

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सुमन यादव ने कहा कि भाजपा की केंद्र सरकार ने इसमें भी ऐसे अल्फाबेट्स सेट किए हैं कि इसमें भी कैसे धर्म का तड़का लगाया जाए। उन्होंने कहा कि मनरेगा एक महत्वकांक्षी योजना थी, यूपीए चेयरपर्सन सोनिया गांधी व तत्कालीन प्रधानमंत्री मनमोहनसिंह ने इस योजना को खासतौर पर गरीबों के लिए लाया। महात्मा गांधी और डॉ भीमराव अंबेडकर ने जो परिकल्पना की थी, आम आदमी कैसे अच्छे से जी सके उसी के तहत काम की गारंटी थी मनरेगा योजना, लेकिन भाजपा की केंद्र सरकार ने गारंटी को खत्म कर दिया, कांग्रेस सरकार ने सौ दिन काम और घर के पास अधिकतम पांच किलोमीटर के दायरे में जिसमें 80 रुपए न्यूनतम मजदूरी तय की गई थी जो हर वित्तीय वर्ष में बढ़ाने का प्रावधान था, उसकी आत्मा को भाजपा ने मारने का काम किया गया है। उसके रेस्यो को बदलने का काम किया है। यादव ने कहा कि राजस्थान में वैसे ही हालात खराब है योजनाओं में रुपए नहीं आ रहे हैं तो राज्य 40 प्रतिशत राशि कहाँ से देगा। जबकि कांग्रेस सरकार ने 90 प्रतिशत केंद्र और 10 प्रतिशत राज्य सरकार का हिस्सा तय कर राज्यों पर भार नहीं डाला था। इतना ही नहीं अब केंद्र जैसा चाहेगा वैसे ही काम मिलेगा कहा काम की जरूरत है कितना काम करना है पंचायतें अपने मन से काम नहीं करा पाएगी। हालांकि सुमन यादव बीच में कई बार पास बैठे वरिष्ठ नेता पुखराज पाराशर से पूछती रही मानो बिना तैयारी के आई हो।

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जिलाध्यक्ष रमिला मेघवाल ने कहा कि हमें नाम पर आपत्ति नहीं है, लेकिन राज्य सरकार के पास पहले ही फंड नहीं है तो कैसे दे पाएंगे और दिल्ली में बैठे लोगों को क्या पता कि किस गांव में क्या काम कराना है और कहा जरूरत है। इस दौरान कांग्रेस नेता पूर्व मंत्री पुखराज पाराशर, कांग्रेस प्रदेश महासचिव उमसिंह चांदराई, सरोज चौधरी, जिला प्रवक्ता योगेंद्र सिंह कुम्पावत मौजूद रहे। इसके बाद प्रदेश सचिव शहजाद अली सैय्यद के निधन पर दो मिनट मौन रखकर श्रद्धांजलि दी।